प्रेरणादायक कहानी

Real Life Inspirational Short Stories in Hindi

Written by Himanshu Grewal
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आज मैं आपको एसी कहानी बताने जा रहा हूँ जो आपकी आँखों में आँसू ला देंगे। यह कहानी करोली नाम के आदमी की है। स्टोरी शुरू करने से पहले में आपको कारोले टकेक्स के इतिहास से संबंधित कुछ जानकारी दे देता हूँ।

Karoly Takacs Biography in Hindi

नामKaroly Takacs
जन्म21 जनवरी 1910 (65 वर्ष)
जन्म स्थानबुडापेस्ट, ऑस्ट्रिया-हंगरी
मृत्यु5 जनवरी 1976
खेलशूटिंग
Olympic Games1948 लंदन, 1952 हेलसिंकी
पिताज्ञात नहीं
माताज्ञात नहीं
पत्नीज्ञात नहीं
बच्चेज्ञात नहीं

Károly Takács Olympic Medals

Shooting at the 1948 Summer OlympicsMen’s 25 metre rapid fire pistol
Shooting at the 1948 Summer OlympicsMen’s 25 metre rapid fire pistol
Shooting at the 1952 Summer OlympicsMen’s 25 metre rapid fire pistol

Károly Takács Biography in Hindi

Karoly Takacs का जन्म 21 जनवरी 1910 में हुआ था। यह बुडापेस्ट, हंगरी देश के रहने वाले थे, उन्होने लगातार 2 बार Olympic में गोल्ड मेडल जीते है।

अब करोली इस दुनिया में नहीं है। केरोली टाकक्स हम सबको 5 जनवरी 1976 को छोड़ कर चले गए थे। जब उनकी मृत्यु हुई तब उनकी उम्र 65 वर्ष थी। पर फिर भी उनकी यादें और उनका टैलेंट आज भी जिन्दा है।

नोट: प्रेरणादायक कहानी को शुरू करने से पहले मैं आपको बता देता हूँ कि यह एक बहुत ही अच्छी स्टोरी है, हमको इनके टैलेंट की कदर करनी चाहिए। अगर आपको इनकी स्टोरी अच्छी लगे तो आप कमेंट करके और इस लेख को शेयर करके Karoly Takacs को धन्यवाद बोल सकते हो।

Best Real Life Inspirational Story of Karoly Takacs by Sandeep Maheshwari

Karoly Takacs Story in Hindi

इस प्रेरणादायक कहानी को पढ़ने से करौली की जिंदगी से कुछ महत्वपूर्ण बातें सामने निकल कर आती है जिन्हें यदि हम अपनी जिंदगी में अपना लें तो चाहे कैसी भी परिस्थिति क्यों ना हो व्यक्ति हर हालातों से लड़ कर अपने लक्ष्यों को पा सकता है।

Karoly Takacs Motivational Story in Hindi

यह कहानी है 1938 की, Karoly नाम के एक आदमी की जो Hungary Country में रहते थे। और वो उस कंट्री का Best Pistol Shooter था।

जितनी भी national championship हुई थी उस देश में उसको वो जीत चुका था और सबको पूरा यकीन था कि 1940 में जो Olympic होने वाले है उसमें गोल्ड मेडल केरोली को ही मिलेगा क्योंकि उन्होंने सालों से ट्रेनिंग करी थी।

उनका एक ही सपना था, एक ही Focus था कि मुझे अपने इस हाथ को दुनिया का सबसे Best Shooting Hand बनाना है, बेस्ट बनाना है, बेस्ट बनाना है… और वो कामयाब भी हो गए उन्होंने बना लिया अपने हाथ को Best Shooting Hand बस दो साल का फर्क था।

Karoly Takacs Army में थे। 1938 में जब आर्मी का एक ट्रेनिंग कैंप चल रहा था तो अभ्यास के समय उनके साथ एक दुर्घटना हो गई। उनके उसी हाथ में जिससे उनको गोल्ड मेडल जितना था (Right hand) में एक हथगोला (Hand Grenade) का विस्फोट हो गया और वो हाथ चला गया। 🙁

जो उनका सपना था, जो Focus था (सब खत्म) 🙁

उनके पास 2 रास्ते थे एक तो यह था कि वो अपनी बाकी की पूरी जिंदगी रोता रहे और कही जा करके छुप जाए, या अपना जो GOAL था जिसमें उन्होंने फोकस किया हुआ था उसको पकड़ कर के रखे।

तो उन्होंने फोकस किया, उस पे नही जो चला गया था जो उनके पास नही था। उन्होंने फोकस किया उस पे जो उनके पास था और क्या था उनके पास?

एक left hand 🙂

एक ऐसा हाथ जिससे वो लिख तक नही सकता था।

1 महीने तक हॉस्पिटल में उनका इलाज चला उस हाथ के लिए और ठीक 1 महीने बाद उन्होंने अपनी ट्रेनिंग शुरू कर दी अपने उल्टे हाथ (left hand) की।

Training के एक साल बाद मतलब 1939 में वो वापिस आए नेशनल चैंपियनशिप हो रही थी वही हंगरी में और वहां पर बाकी के बहुत सारे बेस्ट पिस्टल शूटर थे।

उन सब प्लेयर ने Karoly Takacs के पास जाकर उनको धन्यवाद किया। कहा की यार ये होता है जस्बा, ये होती है sportsman spirit, की इतना सब कुछ हो जाने के बाद भी तुम यहां पर आए हो हमको देखने के लिए और हमारा हौसला बढ़ाने के लिए।

किसी को नही पता था कि वो 1 साल से अपने लेफ्ट-हैंड की Practice कर रहा था।

फिर केरोली ने जवाब दिया कि मैं यहां तुम्हारा हौसला बढ़ाने नही आया हूँ, मैं यहां तुम्हारे साथ मुकाबला करने आया हूँ तैयार हो जाओ।

फिर मुकाबला चालू हो गया था।

वहां पर सभी लोग जो मुकाबला करने आए थे वो Fight कर रहे थे अपने बेस्ट हैंड से और जो Karoly था वो फाइट कर रहा था अपने ओनली हैंड से (मतलब कमजोर हाथ से)

कौन जीता?

The man will be only hand, Karoly जीत गया। 🙂

लेकिन वो यहां नही रुका उसका लक्ष्य साफ था कि मुझे अपने इस हाथ को इस देश का नहीं बल्कि पूरी दुनिया का सबसे बेस्ट शूटिंग हैंड बनाना है (World Best Pistol Shooter).

अब उन्होंने अपना सारा FOCUS 1940 पर डाला जब Olympic होने वाले थे, लेकिन 1940 के जो Olympic होने वाले थे वो रद्द हो गये World War (विश्व युद्ध) की वजह से। 🙁

लेकिन वो फिर भी नही रुके, अब उन्होंने अपना सारा Focus 1944 में जो ओलंपिक होने वाले थे वहां डाल दिया। लेकिन इस बार भी किस्मत ने केरोली का साथ नही दिया क्योंकि 1944 में जो ओलंपिक होने वाले थे वो भी रद्द हो गए (विश्व युद्ध) की वजह से। 🙁

लेकिन Karoly Takacs ने फिर भी हार नही मानी उनको अपने उपर पूरा भरोसा था कि होगा-होगा एक न एक दिन जरूर होगा।

अब उन्होंने अपना सारा फोकस उठा कर डाल दिया 1948 में होने वाले Olympic पर।

1938 में उनकी उम्र थी 28 साल, 1948 में आते-आते उनकी उम्र हो चुकी थी 38 वर्ष. और जो युवा खिलाड़ी आते है निकल करके उनसे मुकाबला करना बहुत की मुश्किल होता चला जाता है।

लेकिन मुश्किल नाम का यह शब्द था ही नहीं उनकी dictionary में 🙂

वो गए, वहां पूरी दुनिया के Best Shooters आए हुए थे जो अपने बेस्ट हाथ से खेल रहे थे और यह अपने only hand से मुकाबला कर रहे थे। और कौन जीता???????

The man will be only hand. Karoly जीत गया।

लेकिन वो फिर भी नहीं रुके, 1952 Olympics दोबारा से मुकाबला करा और इस बार गोल्ड मेडल कौन जीता?

Karoly Takacs

4 साल बाद दोबारा से और पूरी-की-पूरी History को बदल कर रख दिया था। इस particular मैच में उससे पहले किसी भी प्लेयर ने लगातार 2 बार Gold नहीं जीता था।

Motivational Story Of Karoly Takacs In Hindi

Karoly Takacs

Karoly Takacs की कहानी हमें क्या सिखाती है?

  • अनियंत्रित चीजों पर ध्यान केंद्रित न करना

जीवन में कई ऐसी चीजें हैं जिनमें हमारा बिल्कुल भी कंट्रोल नहीं होता। लेकिन हम उन्हीं अनियंत्रित चीजों पर अपना ध्यान देते हैं लेकिन करोली की यह कहानी हमें सिखाती है कि हमें अनियंत्रित चीजों पर ध्यान देने के बजाय जिन चीजों में हमारा कंट्रोल है उन चीजों पर फोकस करना चाहिए।

हम किस घर में पैदा हुए, हम दिखने में अच्छे हैं या नहीं? या हमारी लंबाई कितनी है? इन चीजों में हमारा कोई नियंत्रण नहीं है। परंतु हम अक्सर हम ऐसी चीजों को सोचते हुए दुखी हो जाते हैं।

साल 1938 में जब करोली के हाथ में बम विस्फोट हो जाता है तो करोली चाहते तो वह पिस्टल चैंपियनशिप में मेडल जीतने की उम्मीद वही पर छोड़ देते। लेकिन इसके बजाय केरोली के पास जो चीज बची थी वो उनका बाएं हाथ था। उन्होंने बाएं हाथ से चैंपियनशिप जीतने की प्रैक्टिस की।

आज के इस कंपटीशन एवं चैलेंजिंग दौर में असफलताओं से निराश होना बेहद आसान है। किसी वजह से खुद में कमी ढूंढना और हीन भावना पैदा करना मनुष्य को बगैर निराशा के कुछ नहीं देता।

करोली कहते हैं कि मनुष्य को अपनी उर्जा, समय उन चीजों पर खर्च करना चाहिए जिसमें व्यक्ति का नियंत्रण है। इसी चीज को Follow कर उन्होंने जिंदगी में चैंपियनशिप जीती।

  • मानसिक तौर पर मजबूत

मेंटली स्ट्रांग होना: केरोली टाकक्स ने जिंदगी में इतना दर्दनाक हादसा होने के बावजूद भी अपने लक्ष्य पर केंद्रित करने पर मजबूर किया।

आज हम फिजिकली पूरी तरीके से स्वस्थ होने के बावजूद यदि हमारा कोई मनोबल गिराने की कोशिश करें तो हमारा जल्दी से हौसला टूट जाता है और हम उस कार्य को नहीं कर सकते, ऐसी भावनाएं मन में ले आते हैं।

क्योंकि केरोली ने अपने दिमाग को इस तरह मेंटली ट्रेंड किया था कि अपनी समस्याओं एवं अतीत पर ध्यान दिए बगैर वे सिर्फ अपने लक्ष्य पर फोकस करते रहे और कहीं ना कहीं जिंदगी में हुई इस विशाल दुर्घटना के बावजूद मेंटली स्ट्रांग होने की वजह से ही वह जल्दी से रिकव होकर अपने लक्ष्य पर फोकस कर पाए।

  • दृढ़ निश्चय

सफल लोग अपने जीवन में अनुशासन के साथ-साथ दृढ़ निश्चय के इस फार्मूले का पालन करते हैं। सोचिए यदि केरोली का आत्मविश्वास डगमगा गया होता उन्हें चैंपियनशिप जीतने का दृढ़ निश्चय ही नहीं लिया होता तो क्या वह चैंपियन बन पाते नहीं ना?

करोली की जिंदगी का वह दौर जिसमें शायद ही किसी ने उम्मीद की थी कि एक बार फिर से वे बाएं हाथ से चैंपियनशिप में हिस्सा लेकर चैंपियनशिप जीत पाएगा।

केरोली के सामने हार का कोई विकल्प ही नहीं था बस उसे अपने लक्ष्य पाना था और इस लक्ष्य के प्रति दृढ़ निश्चय होकर उसने कार्य किया। यदि हम अधिकतर प्रोफेशनल या विजेताओं को देखें तो पता चलता है कि उनकी जिंदगी में दृढ़ निश्चय एक मुख्य गुण होता है।

दोस्तों Karoly Takacs के यह शब्द सुनकर आप भी इस बात को भली-भांति समझ सकते हैं। Karoly ने कहा था कि अपने सपनों से कुछ इस तरह वादा करो जिस तरह आप अपने बच्चों से वादा करते हैं अपने वादों से कहें तुम्हारे साथ हर परिस्थिति में खड़ा रहूंगा।

शायद यही चीज केरोली को जिंदगी के इस कठिन मोड़ में भी इतना आगे तक ले गई। देखा जाए तो केरोली वास्तविक जिंदगी में असीमित क्षमताओं तथा दृढ़ इच्छाशक्ति का एक बेहतरीन उदाहरण है। उन्होंने अपने करियर में बाएं हाथ से 25 मीटर रैपिड फायर पिस्टल इवेंट में ओलंपिक गोल्ड जीते और अपनी जिंदगी की कहानी से लोगों को जिंदगी की जंग जीतने के लिए प्रेरित किया।

करोली कहते थे कि यदि आप भी जिंदगी में किसी चीज को पाना चाहते हो उसके लिए कार्य करो और बगैर नकारात्मकता को देखें केवल उसी चीज में फोकस करो।

जिंदगी में सफल होने के 6 आसान तरीके

Karoly Takacs Quotes in Hindi

Never Give up: अपने लक्ष्यों का पीछा करें इससे कोई फर्क नहीं पड़ता जिंदगी आपको कौन सी चुनौतियां देती है।

बात सबसे अच्छा होने की नहीं है बात है कल से बेहतर होने की।

ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीतना एक हाथ न होने से महत्वपूर्ण था दिमाग का सही जगह फोकस करना। इसी प्रकार जिंदगी का भी गेम है जहां skill से अधिक Attitude मायने रखता है।

आप जो भी करना चाहते हैं वह सब कुछ कर सकते हैं। आपके अंदर वह काबिलियत है इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि आप अकेले हैं या कोई कुछ कह रहा है बस सिर्फ आपको गहरी सांस लेना और चलते रहना है।

Karoly Takacs Quotes in English

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Moral Stories in Hindi

जिंदगी में जितनी भी परेशानी आए, जितनी भी असफलता आपके सामने आए, कभी भी हार मत मानना। अगर आप कोई काम को शुरू करते हो और वो काम आपका न बने तो यह सोचकर रुक मत जाना की यार मैं FAIL हो गया, मुझसे नही होगा। क्योंकि Sandeep Maheshwari Ji ने अपनी एक स्पीच में कहा है कि:-

Success comes from experience and experience comes from bad experiences.

(मतलब आपको तरक्की तभी मिल सकती है जब आपके पास तजुर्बा होगा और आपको तजुर्बा तभी मिलेगा जब आपके पास खराब तजुर्बा होगा।)

अब आप किसी Looser के पास चले जाओ उसके पास लिस्ट होगी बहानों की, की में इस वजह से सफल नहीं हुआ अपनी ज़िंदगी में, इस वजह से में कुछ नहीं कर पाया, बहुत लंबी लिस्ट होगी।

वहीं दूसरी तरफ winner के पास चले जाओ तो उसके पास में हजार वजह होगी वो ना करने की जो वो करना चाहता है, बस 1 वजह होगी वो करने की जो वो करना चाहता है और वो कर लेगा…

आपसे बस एक ही निवेदन है कि कभी भी हार मत मानना, जो आप करना चाहते हो वो आपको 1 ना 1 दिन जरूर मिलेगा और एक और निवेदन है कि अगर आपको Karoly Takacs Story in Hindi अच्छी लगी हो तो इस लेख को सभी के साथ साझा अवश्य करें।

आपको यह कहानी कैसी लगी आप हमको कमेंट करके बता सकते हो।

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Himanshu Grewal

मेरा नाम हिमांशु ग्रेवाल है और यह एक हिंदी ब्लॉग है जिसमें आपको दुनिया भर की बहुत सारी जानकारी मिलेगी जैसे की Motivational स्टोरी, SEO, इंग्लिश स्पीकिंग, सोशल मीडिया etc. अगर आपको मेरे/साईट के बारे में और भी बहुत कुछ जानना है तो आप मेरे About us page पर आ सकते हो.

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