Diwali

Essay on Diwali in Hindi For School Student – दिवाली पर भाषण और निबंध

Essay on Diwali in Hindi For School Student
Written by Himanshu Grewal

Topic : Essay on Diwali in Hindi For Kids.

आज के इस लेख में मै आपके लिए “दिवाली पर भाषण” के कुल 4 तरह की स्पीच (निबंध) अपडेट करने जा रहा हूँ.

इन स्पीच (निबंध) को आप अपने विद्यालय में बोल कर सबको दीपावली का महत्व बता सकते हो.

यहाँ पर हमने सभी बच्चों को ध्यान में रखकर भाषण तैयार करा है| अगर आप पहली, दूसरी कक्षा में पढ़ते है तो आप 150 शब्द का भाषण पढ़े, अथवा इससे ऊपर वाली कक्षा में पढ़ते है तो अपनी इच्छानुसार निबंध का चयन करें.

सबसे पहले में 150 शब्द का निबंध लिखने जा रहा हूँ, इसके बाद भाषण के शब्द बड़ते रहेंगे| तो आप को जो पसंद आपके हिसाब से सही लगे आप उसको याद करें.

यह भाषण मैंने ख़ास कर प्राइमरी क्लास के बच्चो के लिए तैयार किया है, इसे आप अपने बच्चो को याद करा सकते हैं|

तो आईये ज्यादा समय न लेते हुए अपना पहला दिवाली पर निबंध पढ़ना शुरू करते है.

जरुर पढ़े : दीपावली पर निबंध और महत्व – जानिये क्यों मनाते है हिन्दुओं का मुख्य

Essay on Diwali in Hindi For Class 1 To 3 (150 Words

दिवाली का त्यौहार मेरा सबसे पसंदीदा त्यौहार है, क्यूंकि यह त्यौहार बुराई पर अच्छाई को दर्शाता है और मुझे अच्छे लोग बहुत पसंद है क्यूंकि वो बहुत अच्छी-अच्छी बाते करते हैं और मुझे भी अच्छी बाते ही सिखाते हैं.

दिवाली को रोशनी का त्योहार के रुप में जाना जाता है जो भरोसा और उन्नति लेकर आता है.

हिन्दू, सिक्ख और जैन धर्म के लोगों के लिये इसके कई सारे प्रभाव और महत्ता है| ये पाँच दिनों का उत्सव है जो हर साल दशहरा के 21 दिनों बाद आता है.

इसके पीछे की वजह है कि भगवान राम के 14 साल के वनवास के बाद अपने राज्य के आगमन पर मनाया जाता है.

मै दिवाली की शाम ढेर सारे पटाके अपने परिवार के साथ मिल कर जलाता हूँ, उस दिन मुझे मेरी मम्मी नये कपडे भी पहनने को देती है और उस दिन मेरे कई दोस्त मेरे घर भी आते हैं और हम साथ में बहुत सारे मिठाई खाते हैं क्यूंकि हमे मिठाई बहुत अच्छी लगती है.

Essay on Diwali in Hindi in 250 Words

वैसे तो इस भाषण में और पहले भाषण में ज्यादा शब्दों का फर्क नहीं है और यह स्पीच भी छोटे बच्चे याद कर सकते हैं| तो आपको इन दोनों में से जो भी स्पीच अच्छी लगे आप उसको याद करा सकते हैं.

आदरणीय प्रधानाध्यापक, सर, मैडम और मेरे प्यारे सहपाठियों को सुबह की नमस्ते|

जैसा कि हम सभी जानते हैं कि, आज हम यहाँ मै आप सभी के सामने दिवाली पर अपने कुछ भाव प्रकट करना चाहता हूँ-

दिवाली हिन्दुओ का प्रमुख त्यौहार है और इसे हम सभी बहुत ख़ुशी और उल्लास के साथ मनाते हैं, वही कुछ लोग इस दिन अपने घर दुकानों दफ्तरों की साफ़ सफाई करते हैं और उसको सजाते हैं तो कुछ लोग इस दिन नये कपडे पहन कर अपने दोस्तों और रिश्तेदारों के घर जाते हैं.

काफी लोग अपने ही घर में दिवाली की पार्टी भी देते हैं जहाँ सभी इकठे होकर नाच गाना करते हैं और मिठाई और अलग पकवान मिल बाट कर खाते हैं.

बच्चो के लिए यह दिन खास इसलिए होता है क्यूंकि इस दिन बच्चे नये वस्त्र पहनते हैं और पटाके फोड़ते हैं.

मुझे याद है कि पीछे वर्ष हमने न्यूज़ में देखा था की भारत में बहुत प्रदुषण हो रहा है, इसलिए मै सभी बच्चो को कहना चाहूँगा की दिवाली मतलब पटाखे जलाना नहीं होता, आप इस दिन नये कपडे पहने, मिठाई खाए, नाच-गाना करे और साथ ही में हर वो काम करे जो आपको अच्छा लगता है लेकिन आइए अंत में मेरे साथ कहिये – Say No To Burn Crackers this DiwALI.

Diwali Essay in Hindi Language For Child (300 Word)

आदरणीय प्रधानाध्यापक, सर, मैडम और मेरे प्यारे सहपाठियों को सुबह की नमस्ते|

जैसा कि हम सभी जानते हैं कि, आज हम यहाँ मै आप सभी के सामने दिवाली पर अपने कुछ शब्द कहना चाहता हूँ-

दिपावली के दौरान लोग अपने घर और कार्यस्थली की साफ-सफाई और रंगाई-पुताई करते है। आमजन की ऐसी मान्यता है कि हर तरफ रोशनी और खुले खिड़की दरवाजों से देवी लक्ष्मी उनके लिये ढ़ेर सारा आशीर्वाद, सुख, संपत्ति और यश लेकर आएंगी.

इस त्योहार में लोग अपने घरों को सजाने के साथ रंगोली से अपने प्रियजनों का स्वागत करते है| नये कपड़ों, खुशबुदार पकवानों, मिठाईयों और पटाखों से पाँच दिन का ये उत्सव और चमकदार हो जाता है.

दिपावली के पहले दिन को धनतेरस या धनत्रेयोंदशीं कहते है जिसे माँ लक्ष्मी की पूजा के साथ मनाया जाता है| इसमें लोग देवी को खुश करने के लिये भक्ति गीत, आरती और मंत्र उच्चारण करते है.

दूसरे दिन को नारक चतुर्दशी या छोटी दिपावली कहते है जिसमें भगवान कृष्ण की पूजा की जाती है क्योंकि इसी दिन कृष्ण ने नरकासुर का वध किया था.

ऐसी धार्मिक धारणा है कि सुबह जल्दी तेल से स्नान कर देवी काली की पूजा करते है और उन्हें कुमकुम लगाते है|

तीसरा दिन मुख्य दिपावली का होता है जिसमें माँ लक्ष्मी की पूजा की जाती है, अपने मित्रों और परिवारजन में मिठाई और उपहार बाँटे जाते है साथ ही शाम को जमके आतिशबाजी की जाती है, जिससे बहुत प्रदुषण होता है और हमे यह नहीं करना चाहिए.

चौथा दिन गोवर्धन पूजा के लिये होता है जिसमें भगवान कृष्ण की अराधना की जाती है| लोग गायों के गोबर से अपनी दहलीज पर गोवर्धन बनाकर पूजा करते है.

ऐसा माना जाता है कि भगवान कृष्ण ने अपनी छोटी उँगली पर गोवर्धन पर्वत को उठाकर अचानक आयी वर्षा से गोकुल के लोगों को बारिश के देवता इन्द्र से बचाया था.

पाँचवें दिन को हमलोग यामा द्वीतिय या भैया दूज के नाम से जानते है। ये भाई-बहनों का त्योहार होता है.

Important Essay on Diwali in Hindi – Diwali Speech in Hindi (500 Word)

दीपावली, भारत में हिन्दुओं द्वारा मनाया जाने वाला सबसे बड़ा त्योहार है.

दीपों का खास पर्व होने के कारण इसे दीपावली या दिवाली नाम दिया गया|

दीपावली का मतलब होता है, दीपों की अवली यानि पंक्ति।

इस प्रकार दीपों की पंक्तियों से सुसज्ज‍ित इस त्योहार को दीपावली कहा जाता है| कार्तिक माह की अमावस्या को मनाया जाने वाला यह महापर्व, अंधेरी रात को असंख्य दीपों की रौशनी से प्रकाशमय कर देता है.

दीप जलाने की प्रथा के पीछे अलग-अलग कारण या कहानियां हैं| हिंदू मान्यताओं में राम भक्तों के अनुसार कार्तिक अमावस्या को भगवान श्री रामचंद्रजी चौदह वर्ष का वनवास काटकर तथा असुरी वृत्तियों के प्रतीक रावणादि का संहार करके अयोध्या लौटे थे.

तब अयोध्यावासियों ने राम के राज्यारोहण पर दीपमालाएं जलाकर महोत्सव मनाया था। इसीलिए दीपावली हिंदुओं के प्रमुख त्योहारों में से एक है.

कृष्ण भक्तिधारा के लोगों का मत है कि इस दिन भगवान श्री कृष्ण ने अत्याचारी राजा नरकासुर का वध किया था। इस नृशंस राक्षस के वध से जनता में अपार हर्ष फैल गया और प्रसन्नता से भरे लोगों ने घी के दीए जलाए.

एक पौराणिक कथा के अनुसार विंष्णु ने नरसिंह रुप धारणकर हिरण्यकश्यप का वध किया था तथा इसी दिन समुद्रमंथन के पश्चात लक्ष्मी व धन्वंतरि प्रकट हुए.

जैन मतावलंबियों के अनुसार चौबीसवें तीर्थंकर महावीर स्वामी का निर्वाण दिवस भी दीपावली को ही है| सिक्खों के लिए भी दीवाली महत्त्वपूर्ण है क्योंकि इसी दिन ही अमृतसर में 1577 में स्वर्ण मन्दिर का शिलान्यास हुआ था.

इसके अलावा 1619 में दीवाली के दिन सिक्खों के छठे गुरु हरगोबिन्द सिंह जी को जेल से रिहा किया गया था.

नेपालियों के लिए यह त्योहार इसलिए महान है क्योंकि इस दिन से नेपाल संवत में नया वर्ष शुरू होता है| पंजाब में जन्मे स्वामी रामतीर्थ का जन्म व महाप्रयाण दोनों दीपावली के दिन ही हुआ। इन्होंने दीपावली के दिन गंगातट पर स्नान करते समय “ओम” कहते हुए समाधि ले ली.

महर्षि दयानंद ने भारतीय संस्कृति के महान जननायक बनकर दीपावली के दिन अजमेर के निकट अवसान लिया| इन्होंने आर्य समाज की स्थापना की.

हिंदुओं में इस दिन लक्ष्मी जी के पूजन का विशेष विधान है| रात्रि के समय प्रत्येक घर में धनधान्य की अधिष्ठात्री देवी महालक्ष्मीजी, विघ्न विनाशक गणेश जी और विद्या एवं कला की देवी मातेश्वरी सरस्वती देवी की पूजा-आराधना की जाती है.

ब्रह्मपुराण के अनुसार कार्तिक अमावस्या की इस अंधेरी रात्रि अर्थात अर्धरात्रि में महालक्ष्मी स्वयं भूलोक में आती हैं और प्रत्येक सद्गृहस्थ के घर में विचरण करती हैं।

जो घर हर प्रकार से स्वच्छ, शुद्ध और सुंदर तरीके से सुसज्जित और प्रकाशयुक्त होता है वहां अंश रूप में ठहर जाती हैं और गंदे स्थानों की तरफ देखती भी नहीं। इसलिए इस दिन घर-बाहर को ख़ूब साफ-सुथरा करके सजाया-संवारा जाता है.

कहा जाता है कि दीपावली मनाने से लक्ष्मीजी प्रसन्न होकर स्थायी रूप से सदगृहस्थों के घर निवास करती हैं| त्योहारों का जो वातावरण धनतेरस से प्रारम्भ होता है, वह इस दिन पूरे चरम पर आता है|

यह पर्व अलग-अलग नाम और विधानों से पूरी दुनिया में मनाया जाता है|  इसका एक कारण यह भी कि इसी दिन अनेक विजयश्री युक्त कार्य हुए हैं.

बहुत से शुभ कार्यों का प्रारम्भ भी इसी दिन से माना गया है| इसी दिन उज्जैन के सम्राट विक्रमादित्य का राजतिलक हुआ था| विक्रम संवत का आरंभ भी इसी दिन से माना जाता है| यानी यह नए वर्ष का प्रथम दिन भी है.

इसी दिन व्यापारी अपने बही-खाते बदलते हैं तथा लाभ-हानि का ब्यौरा तैयार करते हैं.

दोस्तों मेरा दिवाली पर भाषण का यह लेख यही पर समाप्त हो रहा है, आशा है आपको यह लेख पसंद आया होगा और आप चाहे तो अपने भाव नीचे दिए गये कमेंट बॉक्स के माध्यम से शेयर कर सकते हैं.

आप चाहे तो इसे अपने दोस्तों के साथ सोशल मीडिया के माध्यम से शेयर ज़रूर करेंगे.

आप सभी को HimanshuGrewal.com की और से दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं| आपका दिन शुभ हो|

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Himanshu Grewal

मेरा नाम हिमांशु ग्रेवाल है और यह एक हिंदी ब्लॉग है जिसमे आपको दुनिया भर की बहुत सारी जानकारी मिलेगी जैसे की Motivational स्टोरी, SEO, इंग्लिश स्पीकिंग, सोशल मीडिया etc. अगर आपको मेरे/साईट के बारे में और भी बहुत कुछ जानना है तो आप मेरे About us page पर आ सकते हो.

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