Independence Day (India)

स्वतंत्रता दिवस पर कविता – 15 August Independence Day Poem in Hindi

बच्चों के लिए स्वतंत्रता दिवस पर कविता हिंदी में
Written by Himanshu Grewal

आप सभी को मेरी ओर से स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं| आज के इस देश भक्ति लेख में मै आपके साथ स्वतंत्रता दिवस पर कविता शेयर करने जा रहा हूँ, जिसको आप अपने विद्यालय या कॉलेज में स्टेज पर बोल कर स्वतंत्रता दिवस की शोभा बढ़ा सकते हो.

जब पूरी दुनिया के लोग सो रहे थे तब ब्रिटीश शासन से जीवन और आजादी पाने के लिये भारत में लोग संघर्ष कर रहे थे|

दोस्तों आपको यह जान कर आपको ख़ुशी होगी कि आज़ादी के बाद, दुनिया में भारत सबसे बड़ा लोकतांत्रिक देश है| हमारा देश विविधता में एकता के लिये प्रसिद्ध है| भारतीय लोग हमेशा अपनी एकता से जवाब देने के लिये तैयार रहते है.

जैसा कि हम जानते है कि स्वतंत्रता दिवस हम सभी के लिये एक मंगल अवसर है, हम सब इस दिन को इसलिए मनाते है क्योकि 15 अगस्त 1947 को ही हमारा देश आज़ाद हुआ था, और ब्रिटिश राज से हमें मुक्ति मीली थी.

इस वर्ष 2018 में हम भारत का 72वाँ स्वतंत्रता दिवस मनाने इकठ्ठा हुए है|

हम सभी भारतीय नागरिकों के लिये स्वतंत्रता दिवस का यह दिन बहुत महत्वपूर्ण दिन है, और यह इतिहास में सदा के लिये उल्लिखित हो चुका
है.

इस दिन सभी स्कूल में एक अलग ही चमक होती है, क्यूंकि इस दिन पढाई नहीं होती लेकिन बच्चे स्कूल ज़रूर आते हैं| अपने देश का झंडा फहरते हुए देखते हैं, इसके साथ ही कई बच्चों का समूह कुछ देशभक्ति गानों पर नृत्य भी पेश करता है, वही कुछ बच्चे देश भक्ति गीत गाते हैं.

अगर आपका भी मन है कि आप इस वर्ष स्वतंत्रता दिवस पर अपने स्कूल में स्टेज पर कोई देश भक्ति कविता बोलना चाहते हैं, तो इससे अच्छी और क्या बात होगी ?

मै इस लेख में आपके लिए 5 Hindi Poem For Indian Independence Day शेयर करूंगा, आपको जो कविता सबसे अच्छी और आसान लगे उसे आप एक्शन के साथ याद कर के ज़रूर सुनाए.

मै यकीन के साथ बोल सकता हूँ कि आपकी प्रसंशा ज़रूर होगी| तो चलिए पहली स्वतंत्रता दिवस पर कविता को पढ़ते हैं-

महत्वपूर्ण लेख ⇒ भारत का स्वतंत्रता दिवस का इतिहास व महत्व

स्वतंत्रता दिवस पर कविता – स्वतंत्रता दिवस पर बाल कविता

नोट : इस लेख में हम बच्चों के लिए 15 अगस्त पर बाल कविता शेयर करने जा रहे है| अगर आप अपने विद्यालय या कॉलेज के लिए स्वतंत्रता दिवस 15 अगस्त पर भाषण लिखना चाहते हो तो आप 15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस पर भाषण वाला लेख पढ़ सकते है.

देशभक्ति पर भाषण पढने के लिए आप स्वतंत्रता दिवस पर प्रेरणादायक देश भक्ति भाषण पर क्लिक करें.

तो आईये मेरे प्यारे साथियों, अब हम अपनी आजादी पर कविता को पढ़ना शुरू करते है.

स्वतंत्रता संग्राम पर कविता – ये तिरंगा ये तिरंगा ये हमारी शान है|

विश्व भर में भारती की ये अमित पहचान है|
ये तिरंगा हाथ में ले पग निरंतर ही बढ़े,
ये तिरंगा हाथ में ले दुश्मनों से हम लड़े,

ये तिरंगा दिल की धड़कन ये हमारी जान है,
ये तिरंगा वीरता का गूँजता इक मंत्र है,
ये तिरंगा वंदना है भारती का मान है..

ये तिरंगा विश्व जन को सत्य का संदेश है,
ये तिरंगा कह रहा है अमर भारत देश है,
ये तिरंगा इस धरा पर शांति का संधान है…

इसके रेषों में बुना बलिदानियों का नाम है,
ये बनारस की सुबह है, ये अवध की शाम है,
ये तिरंगा ही हमारे भाग्य का भगवन है…

ये कभी मंदिर कभी ये गुरुओं का द्वारा लगे,
चर्च का गुंबद कभी मस्जित का मिनारा लगे,
ये तिरंगा धर्म की हर राह का सम्मान है….

ये तिरंगा बाईबल है भगवत का श्लोक है,
ये तिरंगा आयत-ए-कुरआन का आलोक है,
ये तिरंगा वेद की पावन त्रांचा का ज्ञान है…

ये तिरंगा स्वर्ग से सुंदर धरा कश्मीर है,
ये तिरंगा झूमता कन्याकुमारी नीर है,
ये तिरंगा माँ के होठों की मधुर मुस्कान है…

ये तिरंगा देव नदियों का त्रिवेणी रूप है,
ये तिरंगा सूर्य की पहली किरण की धूप है,
ये तिरंगा भव्य हिमगिरि का अमर वरदान है…

शीत की ठंडी हवा, ये ग्रीष्म का अंगार है,

सावनी मोसम में मेघों का छलकता प्यार है,
झंझावातों में लहरता ये गुणों की खान है…

ये तिंरगा लता की इस कुहुकती आवाज है,
ये रवि शंकर के हाथों में थिरकता सांज है,
टैगोर के जनगीत जन गण मन का ये गुणगान है…

ये तिरंगा गांधी जी की शांति वाली खोज है,
ये तिरंगा नेता जी के दिल से निकला ओज है,
ये विवेकानंद जी का जगजयी अभियान है..

रंग होली के है इसमें ईद जैसा प्यार है,
चमक क्रिसमस की लिए यह दीप-सा त्यौहार है,

ये तिरंगा कह रहा-ये संस्कृति महान है…

ये तिरंगा अंदमानी काला पानी जेल है,
ये तिरंगा शांति ॐ क्रांति का अनुपम मेल है,
वीर सावरकर का ये इक साधना संगान है…

ये तिरंगा शहीदों का जलियाँवाला बाग़ है,
ये तिरंगा क्रांति वाली पुण्य पावन आग है,
क्रांतिकारी चंद्रशेखर का ये स्वाभिमान है…

कृष्ण की ये नीति जैसा का वनवास है,
आघ शंकर के जतन-सा बुद्ध का सन्यास है,
महावीर स्वरूप ध्वज ये अहिंसा का गान है…

रंग केसरिया बताता वीरता ही कर्म है,
श्वेत रंग यह कह रहा है, शांति ही धर्म है,
हरे रंग के स्नेह से ये मिट्टी ही धनवान है…

ऋषि दयानंद के ये सत्य का प्रकाश है,
महाकवि तुलसी के पूज्य राम का विश्वास है,
ये तिंरगा वीर अर्जुन और ये हनुमान है…[email protected]

यहाँ पर हमारी पहली स्वतंत्रता दिवस पर कविता समाप्त होती है, अगर आप 10, 11 या 12 कक्षा के छात्र है तो मुझे यकीन है कि यह कविता आपके लिए कठिन नहीं होगी|

अब हम अपनी दूसरी हिंदी कविता शुरू करते है जो इस प्रकार है.

Independence Day Poem in Hindi – प्यारा हिंदुस्तान है|

अमरपुरी से भी बढ़कर के जिसका गौरव-गान है-

तीन लोक से न्यारा अपना प्यारा हिंदुस्तान है।
गंगा, यमुना सरस्वती से सिंचित जो गत-क्लेश है।
सजला, सफला, शस्य-श्यामला जिसकी धरा विशेष है।
ज्ञान-रश्मि जिसने बिखेर कर किया विश्व-कल्याण है-
सतत-सत्य-रत, धर्म-प्राण वह अपना भारत देश है।

यहीं मिला आकार ‘ज्ञेय’ को मिली नई सौग़ात है-
इसके ‘दर्शन’ का प्रकाश ही युग के लिए विहान है।

वेदों के मंत्रों से गुंजित स्वर जिसका निर्भ्रांत है।
प्रज्ञा की गरिमा से दीपित जग-जीवन अक्लांत है।
अंधकार में डूबी संसृति को दी जिसने दृष्टि है-
तपोभूमि वह जहाँ कर्म की सरिता बहती शांत है।
इसकी संस्कृति शुभ्र, न आक्षेपों से धूमिल कभी हुई-
अति उदात्त आदर्शों की निधियों से यह धनवान है।।

योग-भोग के बीच बना संतुलन जहाँ निष्काम है।
जिस धरती की आध्यात्मिकता, का शुचि रूप ललाम है।

निस्पृह स्वर गीता-गायक के गूँज रहें अब भी जहाँ-
कोटि-कोटि उस जन्मभूमि को श्रद्धावनत प्रणाम है।
यहाँ नीति-निर्देशक तत्वों की सत्ता महनीय है-
ऋषि-मुनियों का देश अमर यह भारतवर्ष महान है।

क्षमा, दया, धृति के पोषण का इसी भूमि को श्रेय है।
सात्विकता की मूर्ति मनोरम इसकी गाथा गेय है।
बल-विक्रम का सिंधु कि जिसके चरणों पर है लोटता-
स्वर्गादपि गरीयसी जननी अपराजिता अजेय है।
समता, ममता और एकता का पावन उद्गम यह है
देवोपम जन-जन है इसका हर पत्थर भगवान है।

-डॉ. गणेश दत्त सारस्वत द्वारा लिखी गई यह कविता, भारत का बहुत ही सुन्दर शब्दों में विवरण कर रही है| आप चाहे तो इस कविता को भी याद कर सकते हैं.

Patriotic Poems in Hindi For Class 2 – Short Poem on 15 August in Hindi

हमारी तीसरी हिंदी कविया का शीर्षक है “स्वतंत्र हिन्दू वासियों”|

स्वतंत्र हिन्दू वासियों आजाद भारत की शान,
फूलों फलों खुब तुम दुआ करता है हिंदुस्तान…

चलो सिर ऊंचा करके भारत देश वासियों,
स्वतंत्रता पे करलो नाज मेरे प्यारे भारत हिन्द वासियों…

स्वतंत्रता दिवस है याद करलो उन महान वीरों को,
आजाद हिन्दू फोज है सभी सहिदों को..

स्वतंत्रता सेनानी को बापू और पटेल को,
भारत के फोजियों को सीमाओं पे खड़े जो…

हिफाजद में हम सबकी हो रहे है कुर्बान,
इमानदारी से है दे रहे वो लाखो के है दान…

माना की दे सकते नही सभी वतन के लिए जान,
पर सच्चाई और इमानदारी से तो कर सकते है अपने काम…

भरष्टाचार का गंदा धब्बा न लगे तिरंगे पे,
बनता है फर्ज इतना तो हमारा देश के लिए,

आओ सत्यता ईमानदारी से सब काम को करें
मिलजुल के मिलजुल के वतन को उचाइओ पे ले चले…

अनेकता में एकता की प्रचण्ड शक्ति हम,
माता को गर्व है हम पे अरबो की शक्ति हम..

कैसे है कोई एक दुर्बल है रह न पाए,
अरबो है हम देश में प्रबल उसको बनाये हम…

करे आओ कुछ ऐसा हम जो हो स्वार्थ से परे,
को फोजी भी कभी फक्र करें हमारे काम पे…

|| जय हिन्द ||

दोस्तों मै बोलना चाहूँगा कि यह भी एक खुबसूरत कविता है और काफी छोटी भी है आप इसे बहुत ही आसानी से याद कर सकते हैं| यक़ीनन ही यह आपको बहुत ज़ल्द याद हो जाएगी.

Desh Bhakti Poem in Hindi For Class 1 – भारतीय तिरंगे का गीत

हरी भरी धरती हो
नीला आसमान रहे
फहराता तिरँगा,
चाँद तारों के समान रहे।
त्याग शूर वीरता
महानता का मंत्र है
मेरा यह देश
एक अभिनव गणतंत्र है

शांति अमन चैन रहे,
खुशहाली छाये
बच्चों को बूढों को
सबको हर्षाये

हम सबके चेहरो पर
फैली मुस्कान रहे
फहराता तिरँगा चाँद
तारों के समान रहे।

-कमलेश कुमार दीवान जी हैं इस कविता के कवी, आप चाहे तो कविता बोलने के बाद या पहले इनका नाम भी स्टेज पर बोल सकते हैं.

बच्चों के लिए स्वतंत्रता दिवस पर कविता हिंदी में – आया स्वतंत्रता दिवस महान

आया स्वतंत्रता दिवस महान
हर चहरे पर है मुस्कान
खुली हवा है खुला आकाश,
देश खड़ा है सीना तान

रहे न कोई भूखा प्यासा
मन में रहे न कहीं निराशा
खून पसीने से सीचेंगे,

नया जोश है नयी है आशा

पंद्रह अगस्त हमें है प्यारा
आजादी का पर्व ये न्यारा
मुट्ठी में आकाश कर लिया,
यश गाता है ये जग सारा…

यह थी हमारी आखिरी और पांचवी हिंदी कविता| आशा है आपको स्वतंत्रता दिवस पर कवितायेँ पसंद आई होंगी, आपको कविता कैसी लगी कमेंट के माध्यम से बताइएगा जरूर.

आप चाहे तो स्वतंत्रता दिवस पर कविता के इस लेख को अपने दोस्तों के साथ सोशल मीडिया के माध्यम से शेयर भी कर सकते हैं ताकि वो अपने विद्यालय में स्वतंत्रता दिवस पर इस कविता को जरुर बोल सके| “धन्यवाद”

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About the author

Himanshu Grewal

मेरा नाम हिमांशु ग्रेवाल है और यह एक हिंदी ब्लॉग है जिसमे आपको दुनिया भर की बहुत सारी जानकारी मिलेगी जैसे की Motivational स्टोरी, SEO, इंग्लिश स्पीकिंग, सोशल मीडिया etc. अगर आपको मेरे/साईट के बारे में और भी बहुत कुछ जानना है तो आप मेरे About us page पर आ सकते हो.

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